14. डॉ कौशलेंद्र जी के दु गो कबिता (23, 24) - माईभाखा कबितई प्रतियोगिता

1-  हिराय गइलू

बता दऽ गोरी कहंवा हिराय गइलू ।    

उमरि लरिकइयाँ, गज़ब ढाये देहियाँ
हो भोरे-भोरे सीत मंऽ नहाय अइलू ।

भीगल सारी पंहिरे-पंहिरे, काहें तु एतना गज़ब ढइलू
सूखी वाली अटरिया पे डारि अइलू ।

ढूकल घर मंऽ बिलार, ओहकै रोजए तिहार
नयना खोले-खोले गोरिया तु सुत गइलू ।

ना हीं मेला-मदार, ना ही कवनो भीड़-भाड़
सपना मंऽ आपन हिराय गइलू ।

दुध काढ़े सासू भेजेली गोरिया
दुध बाछी के पूरा पियाय देहलू ।

कबो रोटी जरल, कबो कच्चए रहल
गोरी चूल्हा मंऽ अंचरा जराय अइलू ।

मुदित मन सासू, दे रहली असीस
जवनिया के सुरता दिया देहलू ।  



 2-  हौले-हौले

बस में है ना मोरा मनवां, लागल चइत महिनवां ।
चुपके से अइहs, रतिया के अइहs
केहू न जाने, धीरे से अइहऽ, सजन भोले लागल चइत महिनवां ।।

टेसू भइलs देहिंया, जरि-जरि चइत महिनवां ।
जरि-जरि निखरल, देहीं भइलs सोना,
सोना के दीवानी भsइल दुनिया, ए हो सखी लागल चइत महिनवा ॥

चढ़लू अटरिया भइल चन्ना के अंजोरिया ।
केसवा बिखेरलू तs छाइलs बदरिया
देहीं के अमरैया कुहकेला मनवा, पिया आईं लागल चइत महिनवा ॥

गोहूँ की बाली करे कानाफूसी, मsह-मsह मsहकल महुवा ।
सजनवा, हौले-हौले चुनिहs, हौले-हौले चुनिहs रस ले ले चुसिहs,
गदराइलs महुवा, बउराएल अमवां, बलमू आईं लागल चइत महिनवा ॥



          परिचय
नाम                       – कौशलेन्द्र
व्यवसाय                  – चिकित्सा
पता                        – 16, सन सिटी, जगदलपुर, छ.ग.
प्रिय विषय               – 1- पार्टिकल फ़िज़िक्स, 2- प्रीवेंटिव एण्ड सोशल मेडीसिन
अभिरुचियाँ              – शोध, साहित्य, रंगनिर्देशन, पर्यटन एवं छायांकन ।
सोशल आइडियोलॉजी          – “वसुधैव कुटुम्बकम”
अन्य गतिविधियाँ      – सोशियो-मेडिकल इन्नोवेटिव एक्टिविटीज़ ।
रिसर्च टेक्निकल एडवाइज़र, जी.सी.एन. – जगदलपुर – 2016 
प्रकाशित / वाचित शोधपत्र
1.    Management of Sickling with Ayurveda – (2011- B.U. JDP, C.G.)
2.    भारत में नक्सलवाद की समस्या और उसका समाधान – (2012- RCS College Durg, C.G.)
3.    लोकाचार, संस्कृति और धर्म का स्वास्थ्य पर प्रभाव – (2014- राष्ट्रीय नाट्य विद्यालय, नई दिल्ली)
4.    Teacher competence Vs. Competence based education – (2016, Christ College, JDP)
5.    Prevention and Treatment of cancer: An Ayurvedic approach (2016- G.N.C., JDP)

क्लीनिकल रिसर्च ट्रायल  –“हीमोपोइटिक इफ़ेक्ट ऑफ़ प्यूरेरिया ट्यूबरोसा इन सिकल सेल एनीमिया”      
साहित्यिक विधा       – काव्य, गवेषणात्मक आलेख, कहानी, यात्रा वृत्तांत एवं रंगकथा
सम्पादन                    पहाड़ी मैनाजनवरी 2011(अनियतकालीन पत्रिका) ।
प्रकाशित कृतियाँ        – प्रतिध्वनि (आलेख संग्रह), अयन प्रकाशन, महरौली, नई दिल्ली
– बस्तर की माटी (काव्यसंग्रह), हिन्दयुग्म प्रकाशन, नई दिल्ली
आगामी प्रकाशन        – 1- मार्क्स : कितने प्रासंगिक, 2- सांस्कृतिक युद्ध, 3- जलती कविता अब न बुझेगी,
4- नयी चौपाल नए किस्से


ई  मेल पता              kaushalblog@gmail.com

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